प्रश्नों के बवंडर में,
डूबता उतरता मन।
झूठ-सच के पलड़े में,
तुलता मन।

मन रे, मन रे |

जीने की आस में,
मरता मन।
खुशियों की तलाश में,
खोता मन।

मन रे, मन रे |

नींद के कांधे में,
जागता मन।
भीड़ के शहर में,
अकेला मन।

मन रे, मन रे |

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